भारतीय सर्राफा बाजार में आज यानी 22 अप्रैल 2026 को ग्राहकों के लिए थोड़ी राहत भरी खबर आई है। पिछले कुछ समय से आसमान छू रहे सोने और चांदी (Gold and Silver Prices) के दामों में आज हल्की गिरावट दर्ज की गई है। शादियों के सीजन और निवेश के नजरिए से बाजार पर नजर गड़ाए बैठे लोगों के लिए यह एक महत्वपूर्ण अपडेट है।READ ALSO:-मेरठ का चर्चित सौरभ राजपूत हत्याकांड: "हां हम साथ घूमे... लेकिन कत्ल नहीं किया", कोर्ट में जज के इन सवालों के सामने मुस्कान-साहिल का बयान
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) द्वारा जारी किए गए ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, सोने और चांदी दोनों ही कीमती धातुओं के भाव टूटे हैं। इसके साथ ही सरकार ने विदेशी ज्वेलरी के आयात पर भी सख्ती बढ़ा दी है, जिसका सीधा असर आने वाले समय में बाजार की सप्लाई और कीमतों पर देखने को मिल सकता है। आइए इस विस्तृत रिपोर्ट में जानते हैं आज के ताज़ा भाव, 2026 में अब तक का मार्केट ट्रेंड, अलग-अलग शहरों में रेट बदलने के कारण और असली सोने-चांदी की पहचान करने के अचूक तरीके।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

आज के ताज़ा भाव: सोना ₹105 और चांदी ₹836 सस्ती

\r\n\r\n
बुधवार, 22 अप्रैल 2026 को सर्राफा बाजार खुलते ही कीमती धातुओं में नरमी का रुख देखा गया।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    24 कैरेट सोने का भाव: IBJA के अनुसार, 10 ग्राम 24 कैरेट शुद्ध सोने की कीमत में ₹105 की गिरावट आई है। कल (21 अप्रैल) जो सोना ₹1,52,355 प्रति 10 ग्राम पर बिक रहा था, वह आज लुढ़ककर ₹1,52,250 पर आ गया है।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    चांदी की कीमत: दूसरी ओर, चांदी की कीमतों में भी नरमी देखने को मिली है। एक किलो चांदी का भाव ₹836 गिरकर ₹2,49,677 पर पहुंच गया है। इससे पहले मंगलवार को एक किलो चांदी की कीमत ₹2,50,513 दर्ज की गई थी।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

विज्ञापन
विज्ञापन
\r\n\r\n
भले ही यह गिरावट बहुत बड़ी न हो, लेकिन लगातार बढ़ रहे दामों के बीच यह निवेशकों और आम खरीदारों के लिए एक छोटी सी राहत जरूर है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

साल 2026 का रिपोर्ट कार्ड: अब तक ₹19 हजार महंगा हुआ सोना

\r\n\r\n
अगर हम इस साल के शुरुआती महीनों का विश्लेषण करें, तो सोने-चांदी की कीमतों में जबरदस्त उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। साल 2026 की शुरुआत से लेकर अब तक सोने की कीमत में करीब ₹19,000 और चांदी की कीमत में ₹20,000 का भारी उछाल आ चुका है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    सोने का सफर: 31 दिसंबर 2025 को 10 ग्राम 24 कैरेट सोने का भाव ₹1.33 लाख के स्तर पर था। आज यह ₹1.52 लाख के पार बना हुआ है। आपको याद दिला दें कि इसी साल 29 जनवरी 2026 को सोने ने ₹1.76 लाख प्रति 10 ग्राम का अपना 'ऑलटाइम हाई' (All-Time High) भी छुआ था।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    चांदी का सफर: साल के अंत (31 दिसंबर 2025) में चांदी ₹2.30 लाख प्रति किलो के स्तर पर थी, जो आज ₹2.50 लाख के करीब कारोबार कर रही है। चांदी ने भी 29 जनवरी को ₹3.86 लाख प्रति किलो का ऐतिहासिक और रिकॉर्ड तोड़ उच्चतम स्तर छुआ था।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव, केंद्रीय बैंकों द्वारा सोने की लगातार हो रही खरीदारी और महंगाई के दबाव के कारण 2026 में सोने-चांदी को सबसे सुरक्षित निवेश (Safe Haven) माना जा रहा है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

जानिए क्यों हर शहर में अलग-अलग होते हैं सोने-चांदी के दाम?

\r\n\r\n
अक्सर ग्राहकों के मन में यह सवाल उठता है कि जब सोना एक ही है, तो दिल्ली, मुंबई, चेन्नई या किसी छोटे शहर में इसके भाव अलग-अलग क्यों होते हैं? इसके पीछे मुख्य रूप से 4 बड़े कारण जिम्मेदार होते हैं:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    ट्रांसपोर्टेशन और सिक्योरिटी का खर्च: सोना एक बेहद कीमती धातु है। इसे सुरक्षित रूप से एक जगह से दूसरी जगह ले जाने में भारी भरकम सुरक्षा व्यवस्था (Armored Vehicles) और ईंधन का खर्च आता है। आयातित जगहों से शहर की दूरी जितनी ज्यादा होगी, वहां लॉजिस्टिक खर्च बढ़ने के कारण सोने का दाम उतना ही अधिक हो जाता है।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    खरीदारी की मात्रा (Volume of Purchase): भारत में सोने की खपत का एक बहुत बड़ा हिस्सा (करीब 40%) दक्षिण भारत के राज्यों से आता है। वहां के ज्वेलर्स थोक में बड़ी मात्रा में सोना खरीदते हैं। हालांकि, बड़ी खरीद पर मिलने वाले डिस्काउंट का सीधा फायदा हमेशा आम ग्राहकों तक समान रूप से नहीं पहुंच पाता है।
    \r\n
  4. \r\n
  5. \r\n
    लोकल ज्वेलरी एसोसिएशन का नियंत्रण: हर राज्य और बड़े शहरों के अपने सर्राफा बाजार और ज्वेलरी एसोसिएशन होते हैं। ये एसोसिएशन स्थानीय स्तर पर मांग (Demand) और आपूर्ति (Supply) का आकलन करके रोजाना सुबह रेट तय करते हैं।
    \r\n
  6. \r\n
  7. \r\n
    पुराना स्टॉक और खरीद मूल्य (Inventory Cost): कई बार ज्वेलर्स के पास पुराना स्टॉक होता है जो उन्होंने अलग कीमत पर खरीदा होता है। उनकी खरीद लागत (Purchase Cost) भी यह तय करने में अहम भूमिका निभाती है कि वे अपने ग्राहकों को रिटेल में किस भाव पर गहने बेचेंगे।
    \r\n
  8. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

बड़ा सरकारी फैसला: विदेशी जेवर मंगाने के लिए अब लाइसेंस अनिवार्य

\r\n\r\n
देश में सोने-चांदी की कीमतों पर लगाम लगाने और विदेशी व्यापार नीतियों को सुदृढ़ करने के लिए भारत सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। वाणिज्य मंत्रालय के तहत काम करने वाले विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) ने एक नया नोटिफिकेशन जारी किया है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
इस नए नियम के तहत, सोने, चांदी और प्लेटिनम के गहनों (Jewellery) को आयात की 'फ्री' (Free) कैटेगरी से हटाकर ‘रिस्ट्रिक्टेड’ (Restricted) यानी प्रतिबंधित कैटेगरी में डाल दिया गया है।
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  • \r\n
    इसका क्या मतलब है? अब कोई भी व्यापारी या संस्था किसी भी दूसरे देश से बनी-बनाई कीमती ज्वेलरी सीधे तौर पर आसानी से आयात नहीं कर सकेगी। इसके लिए सरकार से पहले एक विशेष लाइसेंस या पूर्व अनुमति (Permission) लेना अनिवार्य होगा।
    \r\n
  • \r\n
  • \r\n
    सरकार ने ऐसा क्यों किया? यह कड़ा कदम मुख्य रूप से 'फ्री ट्रेड एग्रीमेंट' (FTA - मुफ़्त व्यापार समझौता) के हो रहे गलत इस्तेमाल को रोकने के लिए उठाया गया है। कुछ आयातक बिना ड्यूटी चुकाए गलत तरीके से सस्ते गहने देश में ला रहे थे, जिससे घरेलू बाजार प्रभावित हो रहा था। इस नियम से बाजार की सप्लाई चेन पर असर पड़ रहा है, जो हालिया कीमतों में उतार-चढ़ाव का एक बड़ा कारण है।
    \r\n
  • \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

खरीदारी के लिए स्मार्ट टिप्स: ज्वेलर्स से सोना खरीदते समय रखें 2 बातों का ध्यान

\r\n\r\n
जब आप लाखों रुपये खर्च करके सोना खरीद रहे हों, तो सतर्कता बेहद जरूरी है। धोखाधड़ी से बचने के लिए इन नियमों का पालन करें:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    हमेशा सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें (BIS Hallmarking): भारत सरकार के नियमों के अनुसार, अब हॉलमार्क के बिना सोना बेचना गैर-कानूनी है। ज्वेलरी खरीदते समय हमेशा ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) का हॉलमार्क जरूर चेक करें। असली हॉलमार्क में 6 अंकों का एक 'अल्फान्यूमेरिक कोड' (HUID Number) होता है, जैसे- AZ4524। आप 'BIS Care App' पर इस कोड को डालकर ज्वेलरी की सत्यता, वजन और कैरेट की जांच खुद कर सकते हैं।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    कीमतों को क्रॉस चेक जरूर करें: दुकानदार पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। खरीदने के दिन सोने की सही कीमत कई विश्वसनीय सोर्सेज (जैसे इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन की आधिकारिक वेबसाइट) से क्रॉस चेक करें। ध्यान रहे, 24 कैरेट (99.9% शुद्ध), 22 कैरेट (गहने बनाने के लिए) और 18 कैरेट (डायमंड ज्वेलरी के लिए) के भाव अलग-अलग होते हैं। मेकिंग चार्ज के नाम पर होने वाली ठगी से बचने के लिए बिल में स्पष्ट ब्रेकअप मांगें।
    \r\n
  4. \r\n
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n

घर बैठे करें असली चांदी की पहचान: 4 आसान और वैज्ञानिक तरीके

\r\n\r\n
चांदी में भी मिलावट (खासकर तांबे और जस्ते की) के मामले बहुत सामने आते हैं। आप इन 4 घरेलू तरीकों से असली चांदी की पहचान कर सकते हैं:
\r\n\r\n

 

\r\n\r\n
    \r\n
  1. \r\n
    मैग्नेट टेस्ट (चुंबक परीक्षण): असली चांदी एक 'डाइमैग्नेटिक' धातु है, यानी यह चुंबक की तरफ आकर्षित नहीं होती है। अपनी चांदी के पास एक शक्तिशाली चुंबक (Magnet) लाएं। अगर चांदी चुंबक से चिपक जाती है, तो इसका मतलब है कि उसमें लोहे या अन्य धातुओं की भारी मिलावट है।
    \r\n
  2. \r\n
  3. \r\n
    आइस टेस्ट (बर्फ परीक्षण): वैज्ञानिक दृष्टिकोण से चांदी ऊष्मा (Heat) की सबसे बेहतरीन सुचालक (Good Conductor) होती है। चांदी के सिक्के या बर्तन पर बर्फ का एक टुकड़ा रखें। असली चांदी होने पर बर्फ कमरे के तापमान के मुकाबले बहुत ही तेजी से पिघलने लगेगी, क्योंकि चांदी तुरंत बर्फ में गर्मी ट्रांसफर कर देती है।
    \r\n
  4. \r\n
  5. \r\n
    स्मेल टेस्ट (गंध परीक्षण): शुद्ध चांदी गंधहीन (Odorless) होती है। अपनी चांदी को करीब से सूंघें। अगर उसमें से तांबे (Copper) या पीतल जैसी कोई अजीब सी गंध आ रही है, तो समझ लीजिए कि वह चांदी नकली है या उसमें मिलावट की गई है।
    \r\n
  6. \r\n
  7. \r\n
    क्लॉथ टेस्ट (कपड़े से परीक्षण): चांदी पर हवा और नमी के कारण ऑक्सीडेशन (Oxidation) होता है। जब आप असली चांदी को किसी हल्के रंग के सूती या सफेद कपड़े से कसकर रगड़ते हैं, तो उस कपड़े पर काले रंग के निशान आ जाते हैं। अगर कोई निशान न आए, तो चांदी की शुद्धता पर शक किया जा सकता है।
    \r\n
  8. \r\n
विज्ञापन
विज्ञापन
पढ़िए फटाफट खबरेंस्वाइप करके पढ़ें