उत्तर प्रदेश पुलिस और एसटीएफ ने मिलकर एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। बिजनौर में फर्जी डीएल (ड्राइविंग लाइसेंस) बनाने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। एसटीएफ बरेली और नहटौर पुलिस की संयुक्त टीम ने मुख्य आरोपी इब्राहिम अंसारी को उसके घर से ही गिरफ्तार कर लिया है। यह शातिर आरोपी यूपी से लेकर केरल तक के लोगों के फर्जी लाइसेंस तैयार करता था।READ ALSO:-पर्यावरण संरक्षण की दिशा में रोटरी क्लब धामपुर रॉयल्स का 'ग्रीन मिशन': नगीना रोड पर रोपे गए 50 पौधे, पुराने पेड़ों का भी लिया जायजा
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घर से चल रहा था बिजनौर में फर्जी डीएल का काला कारोबार
\r\n\r\nबरेली एसटीएफ की टीम को लगातार खुफिया सूचनाएं मिल रही थीं कि बिजनौर जिले में बड़े पैमाने पर जाली कागजात तैयार किए जा रहे हैं। इसी सटीक सूचना के आधार पर 14 जुलाई 2026 को एसटीएफ ने नहटौर थाने की पुलिस के साथ संपर्क किया और कार्रवाई की रणनीति बनाई।
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इसके बाद, संयुक्त टीम ने नहटौर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम फुलसन्दा हीरा में छापेमारी की। पुलिस टीम ने वहां से आरोपी इब्राहिम अंसारी पुत्र जाहिद हुसैन को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। वह अपने घर से ही बड़े पैमाने पर इस अवैध कारोबार को संचालित कर रहा था।
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\r\n— Bijnor Police (@bijnorpolice) July 15, 2026
\r\nथाना नहटौर पुलिस व एस0टी0एफ0 बरेली की संयुक्त टीम द्वारा फर्जी तरीके से लर्निंग ड्राईविंग लाईसेंस तैयार करने वाले एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया।#UPPolice pic.twitter.com/lvFoy86avE
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यूपी से आंध्र प्रदेश और केरल तक फैला था नेटवर्क
\r\n\r\nगिरफ्तार किए गए आरोपी से हुई शुरुआती पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। पुलिस के मुताबिक, यह बिजनौर में फर्जी डीएल बनाने वाला सरगना सिर्फ स्थानीय लोगों को ही नहीं ठगता था, बल्कि इसका नेटवर्क दक्षिण भारत तक फैला हुआ था।
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वह उत्तर प्रदेश के साथ-साथ आंध्र प्रदेश और केरल के लोगों के लिए भी फर्जी लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस तैयार करता था। यह आरोपी तकनीक का इस्तेमाल करके बिल्कुल असली जैसे दिखने वाले जाली कागजात बनाता था, जिससे किसी को भी आसानी से धोखा दिया जा सके।
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पुलिस ने बरामद किए लैपटॉप और फर्जी आधार कार्ड
\r\n\r\nछापेमारी के दौरान पुलिस टीम को आरोपी के घर से भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और जाली दस्तावेज मिले हैं। पुलिस ने मौके से दो लैपटॉप और उनके एडॉप्टर, दो कंप्यूटर माउस, एक एयरटेल वाई-फाई राउटर और एक वीवो स्मार्टफोन बरामद किया है।
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इसके अलावा, आरोपी के पास से चार एटीएम कार्ड, तीन बैंक चेकबुक और चार कूटरचित (फर्जी) आधार कार्ड भी जब्त किए गए हैं। इन उपकरणों का सीधा इस्तेमाल बिजनौर में फर्जी डीएल और अन्य जाली दस्तावेज बनाने की प्रक्रिया में किया जा रहा था।
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पहले भी जेल जा चुका है आरोपी इब्राहिम
\r\n\r\nनहटौर पुलिस की जांच में यह तथ्य भी सामने आया है कि इब्राहिम अंसारी का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। वह पहले भी पुलिस के हत्थे चढ़ चुका है। इससे पहले साल 2020 में उसके खिलाफ नगीना थाने में आबकारी अधिनियम के तहत गंभीर मुकदमा दर्ज किया गया था।
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वहीं, साल 2024 में नहटौर थाने में ही उसके खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 420 (धोखाधड़ी) और 504 के तहत भी एक मामला दर्ज हुआ था। इससे यह स्पष्ट होता है कि वह लंबे समय से अपराध और ठगी की दुनिया में सक्रिय है।
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नए आपराधिक कानूनों (BNS) के तहत दर्ज हुई एफआईआर
\r\n\r\nइस ताजा मामले में नहटौर थाने में आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी धाराओं के तहत एफआईआर (मुकदमा अपराध संख्या- 231/2026) दर्ज की गई है। इसमें नए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4), 336(3), 337, 340(2) लगाई गई हैं, जो धोखाधड़ी और जालसाजी से जुड़ी हैं।
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इसके साथ ही, फर्जी आधार कार्ड बनाने पर आधार अधिनियम-2016 की धारा 36 और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) एक्ट की धारा 66C और 66D के तहत भी केस दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की वैधानिक कार्रवाई तेजी से शुरू कर दी है।
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ऑपरेशन को सफल बनाने वाली एसटीएफ और पुलिस टीम
\r\n\r\nबिजनौर में फर्जी डीएल के इस बड़े भंडाफोड़ में एसटीएफ और स्थानीय पुलिस का बेहतरीन तालमेल देखने को मिला। एसटीएफ बरेली की फील्ड इकाई से उपनिरीक्षक अजीत कुमार, एसआई अमित कुमार, हेड कांस्टेबल अरुण कुमार और संजय यादव इस दबिश में शामिल रहे।
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वहीं, बिजनौर की ओर से नहटौर थाना प्रभारी निरीक्षक किशन अवतार के नेतृत्व में कांस्टेबल विशाल कुमार और रिक्रूट कांस्टेबल गौरव कुमार ने इस पूरी कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
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एसटीएफ बरेली और नहटौर पुलिस की यह कार्रवाई साइबर और जाली दस्तावेजों के अपराधियों पर एक तगड़ा प्रहार है। बिजनौर में फर्जी डीएल गिरोह के पकड़े जाने से कई राज्यों में हो रहे बड़े फर्जीवाड़े पर रोक लगेगी। फिलहाल, पुलिस आरोपी के अन्य साथियों और उससे जुड़े ग्राहकों की भी गहनता से तलाश कर रही है।
Sabse pehle comment karne wale banein.