बिजनौर (Khabreelal News Desk): उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले से एक रोंगटे खड़े कर देने वाली खबर सामने आई है, जहां एक बड़ी लापरवाही के चलते दर्जनों मासूम बच्चों की जान आफत में पड़ गई। जिले के बढ़ापुर थाना क्षेत्र में एक चलती स्कूल बस का अचानक डीजल पाइप फट गया। गनीमत यह रही कि डीजल लीक होने के बाद बस में आग नहीं लगी, वरना एक बहुत बड़ा और दर्दनाक हादसा हो सकता था।READ ALSO:-बिजनौर में शातिर ठग गिरफ्तार: मृतका का फर्जी आधार कार्ड बनाकर बैंक खाते से उड़ाए थे पैसे, नूरपुर पुलिस ने किया भंडाफोड़
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डीजल पाइप फटने के बाद बस बीच सड़क पर ही बंद हो गई, जिससे उसमें सवार 30 से 40 स्कूली बच्चे घंटों तक परेशान होते रहे। इस घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों और बच्चों के परिजनों में स्कूल प्रशासन के खिलाफ भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है।
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कैसे हुआ हादसा?

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प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह घटना बढ़ापुर थाना क्षेत्र के ग्राम इनायतपुर की है। यह बस पुरेनी स्थित 'अंकुल चिल्ड्रन एकेडमी' (Ankul Children Academy) की है। रोजाना की तरह बस बच्चों को स्कूल ले जाने (या वापस छोड़ने) के लिए गांव से गुजर रही थी। ग्रामीणों के मुताबिक, बस में करीब 30 से 40 मासूम बच्चे सवार थे।
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अचानक इनायतपुर गांव के पास चलती बस में जोर की आवाज हुई और बस का डीजल पाइप फट गया। पाइप फटते ही तेजी से डीजल रिसने लगा और इंजन ने काम करना बंद कर दिया, जिससे बस बीच सड़क पर ही झटके के साथ रुक गई।
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घंटों सड़क पर फंसे रहे बच्चे, मची अफरा-तफरी

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बस के अचानक बंद होने और डीजल की तेज महक से बच्चों में दहशत फैल गई। चिलचिलाती धूप और उमस के बीच बस घंटों तक सड़क पर ही खड़ी रही। गर्मी और प्यास से मासूम बच्चे बिलखने लगे। जब काफी देर तक बस आगे नहीं बढ़ी, तो आसपास के ग्रामीण और खेतों में काम कर रहे लोग मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों ने बच्चों को ढांढस बंधाया और उन्हें बस से सुरक्षित नीचे उतारने में मदद की।
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परिजनों ने उठाए स्कूल की व्यवस्था पर कड़े सवाल

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घटना की सूचना मिलते ही कई बच्चों के परिजन भी बदहवास हालत में मौके पर पहुंच गए। अपने बच्चों को सड़क पर घंटों परेशान होता देख परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा।
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ग्रामीणों और परिजनों ने 'अंकुल चिल्ड्रन एकेडमी' की परिवहन व्यवस्था और स्कूल प्रबंधन की घोर लापरवाही पर कड़े सवाल उठाए हैं। उनका कहना है, "स्कूल प्रशासन बच्चों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ कर रहा है। मोटी फीस वसूलने के बावजूद बिना मेंटेनेंस वाली खटारा बसें सड़कों पर दौड़ाई जा रही हैं। अगर डीजल पाइप फटने के बाद गर्म इंजन से चिंगारी निकल जाती और बस में आग लग जाती, तो इतने सारे बच्चों की जान का जिम्मेदार कौन होता?"
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बस चालक पंकज कुमार का बयान (Bite)

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इस पूरी घटना पर बस के चालक पंकज कुमार ने बताया, "मैं बस को सामान्य गति से लेकर जा रहा था। बस में बच्चे सवार थे। इनायतपुर गांव के पास अचानक बस का डीजल पाइप फट गया, जिससे डीजल की सप्लाई रुक गई और बस वहीं सड़क पर बंद हो गई। मैंने तुरंत गाड़ी को कंट्रोल किया और बच्चों को सुरक्षित किया। यह एक अचानक आई तकनीकी खराबी थी।"
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फिलहाल, इस घटना से इलाके के सभी अभिभावकों में खौफ है। लोगों ने जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग (RTO) से मांग की है कि जिले में चल रही सभी स्कूल बसों की फिटनेस की कड़ाई से जांच की जाए, ताकि भविष्य में किसी भी मासूम की जान जोखिम में न पड़े।
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