अलीगढ़, 3 अक्टूबर 2025:
\r\n\r\nअलीगढ़ के कारोबारी अभिषेक गुप्ता की हत्या सिर्फ एक अपराध नहीं, बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी जिसकी पटकथा एक 'धर्मगुरु' के घर लिखी गई, किरदार एक वेल्डर ने ढूंढा और अंत एक भाड़े के शूटर ने किया। इस हाई-प्रोफाइल मर्डर मिस्ट्री की परतें अब एक-एक कर खुल रही हैं। पुलिस ने दिल्ली-कानपुर हाईवे पर फिल्मी अंदाज में पीछा कर उस शूटर को दबोच लिया ہے, जिसने अभिषेक के सिर में गोली मारी थी। अब पुलिस की निगाहें उस 'महामंडलेश्वर' पर हैं, जो इस पूरे खेल की मास्टरमाइंड बताई जा रही है।READ ALSO:-रक्षक ही बना भक्षक! गाजियाबाद में दरोगा पर चौकी में रेप का आरोप, झांसा देकर शादी की, अब दे रहा जान से मारने की धमकी
\r\n\r\n\r\n\r\n
साजिश
\r\n\r\nकहानी शुरू होती है महामंडलेश्वर डॉ. अन्नपूर्णा भारती उर्फ पूजा शकुन पांडेय और उसके पति अशोक पांडेय के घर से। किसी अज्ञात कारण से वे टीवीएस शोरूम के मालिक अभिषेक गुप्ता को रास्ते से हटाना चाहते थे। इसके लिए उन्होंने अपने पुराने जानकार, वेल्डिंग का काम करने वाले फजल को चुना। फजल को कहा गया - "एक काम करना है।"
\r\n\r\n\r\n\r\n
सौदा
\r\n\r\nफजल जानता था कि यह काम उसके बस का नहीं। उसने इस 'डर्टी डील' के लिए एक पेशेवर अपराधी, आसिफ, का नाम सुझाया, जिसका पहले से ही आपराधिक रिकॉर्ड था। आसिफ को बुलाया गया, अभिषेक की तस्वीर दिखाई गई और काम बताया गया। आसिफ ने इस 'सुपारी' के लिए 5 लाख रुपये की मांग रखी। लंबी सौदेबाजी के बाद डील 3 लाख रुपये में पक्की हुई। अशोक पांडेय ने शूटर को भरोसे में लेने के लिए 1 लाख रुपये एडवांस में दिए।
\r\n\r\n\r\n\r\n
हत्या
\r\n\r\nएडवांस हाथ में आते ही आसिफ और उसके साथी काम पर लग गए। 26 सितंबर को उन्होंने खैर से ही अभिषेक की रेकी शुरू कर दी। सही मौका देखकर, खेरेश्वर चौराहे पर उन्होंने अभिषेक को रोका और सिर में गोली मारकर उसकी कहानी खत्म कर दी। उन्हें लगा कि वे कभी पकड़े नहीं जाएंगे।
\r\n\r\nFollow the Khabreelal News channel on WhatsApp Join ›
🏪 आपके शहर के ऑफर
विज्ञापन · स्थानीय दुकानों की ताज़ा स्कीम · स्वाइप करें →
सभी ऑफर देखें →
पुलिस का एक्शन
\r\n\r\nलेकिन अलीगढ़ पुलिस की सर्विलांस और क्रिमिनल इंटेलिजेंस टीमें उनसे दो कदम आगे थीं।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n 28 सितंबर: साजिश रचने वाले पति अशोक पांडेय को गिरफ्तार किया गया।\r\n \r\n
- \r\n 1 अक्टूबर: बिचौलिए फजल को दबोचा गया।\r\n \r\n
- \r\n 3 अक्टूबर: मुख्य शूटर आसिफ, जो अलीगढ़ छोड़कर भागने की फिराक में था, उसे दिल्ली-कानपुर हाईवे से गिरफ्तार कर लिया गया।\r\n \r\n
\r\n\r\n
अब इस कहानी का सिर्फ एक किरदार बचा है - मास्टरमाइंड महामंडलेश्वर पूजा शकुन पांडेय। एसएसपी नीरज जादौन ने उस पर 25 हजार का इनाम घोषित कर दिया है और पुलिस की कई टीमें उसकी तलाश में दिन-रात एक किए हुए हैं। पुलिस का दावा है कि इस 'अधर्म-गुरु' को भी जल्द ही सलाखों के पीछे पहुंचा दिया जाएगा।
खबरीलाल न्यूज़ का Telegram चैनल जॉइन करें
Join ›



Sabse pehle comment karne wale banein.