मुजफ्फरनगर में औद्योगिक इकाइयों में प्रदूषण नियंत्रण नियमों के अनुपालन को लेकर प्रशासन और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने बुधवार देर रात दो रोलिंग मिलों में अचानक जांच की। संयुक्त टीम ने पूर्व सांसद एवं सपा नेता कादिर राणा से जुड़ी राणा स्टील के साथ सर्वोत्तम रोलिंग मिल में भी प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्थाओं और उपकरणों का निरीक्षण किया। राणा स्टील में जांच के दौरान प्रदूषण नियंत्रण के लिए लगाए गए APCS (Air Pollution Control System) बंद मिलने की जानकारी अधिकारियों की ओर से दी गई है। मामले की रिपोर्ट आगे की कार्रवाई के लिए लखनऊ भेजी गई है।
देर रात पहुंची प्रशासन और प्रदूषण बोर्ड की टीम
सिटी मजिस्ट्रेट दीपक पाल और क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारी गीतेश कुमार के नेतृत्व में टीम दोनों औद्योगिक इकाइयों में पहुंची। अधिकारियों ने मिलों में लगाए गए प्रदूषण नियंत्रण उपकरणों की स्थिति देखी और यह जांचा कि संबंधित व्यवस्थाएं निर्धारित नियमों के अनुरूप संचालित हो रही हैं या नहीं।
जांच की कार्रवाई बुधवार देर रात हुई, जबकि इसकी जानकारी गुरुवार दोपहर बाद सामने आई। क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण विभाग की ओर से मामले की जानकारी करीब अपराह्न 3:30 बजे दी गई।
राणा स्टील में APCS बंद मिलने की जानकारी
अधिकारियों के मुताबिक, राणा स्टील में प्रदूषण नियंत्रण के लिए लगाए गए उपकरण APCS बंद मिले। इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए जांच के दौरान मिले तथ्यों और स्थिति के आधार पर रिपोर्ट तैयार की गई।
Follow the Khabreelal News channel on WhatsApp Join ›रिपोर्ट को आवश्यक कार्रवाई के लिए लखनऊ भेजा गया है। अब आगे की कार्रवाई संबंधित उच्च अधिकारियों और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की जांच रिपोर्ट के आधार पर होगी।
उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ऑनलाइन प्रणाली में औद्योगिक इकाइयों के प्रदूषण नियंत्रण और अनुपालन से संबंधित प्रक्रियाओं तथा विभिन्न अनुमति/अनुपालन स्थितियों की व्यवस्था उपलब्ध है।
सर्वोत्तम रोलिंग मिल में भी हुई जांच
संयुक्त टीम ने सर्वोत्तम रोलिंग मिल में भी प्रदूषण नियंत्रण से जुड़ी व्यवस्थाओं और लगाए गए उपकरणों का निरीक्षण किया। टीम ने औद्योगिक इकाई में प्रदूषण रोकने के लिए किए गए इंतजामों की स्थिति देखी।
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उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, दोनों मिलों में हुई कार्रवाई का उद्देश्य प्रदूषण नियंत्रण मानकों के अनुपालन की स्थिति की जांच करना था। राणा स्टील के मामले में APCS बंद मिलने की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई का फैसला किया जाएगा।
कादिर राणा से जुड़ी है राणा स्टील
राणा स्टील समाजवादी पार्टी के नेता और पूर्व सांसद कादिर राणा से जुड़ी औद्योगिक इकाई है। इससे पहले भी प्रदूषण नियंत्रण को लेकर राणा स्टील कार्रवाई के दायरे में आ चुकी है। वर्ष 2023 में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की कार्रवाई के दौरान राणा स्टील की दो फर्नेस में प्रदूषण नियंत्रण मानकों से जुड़ी कमियां पाए जाने और बाद में फर्नेस सील किए जाने की रिपोर्ट सामने आई थी।
वहीं, अगस्त 2026 में राणा परिवार से जुड़े परिसरों पर प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई भी रिपोर्ट हुई थी। इसके अलावा दिसंबर 2024 में राणा स्टील में जीएसटी अधिकारियों की कार्रवाई के दौरान विरोध और अधिकारियों के वाहनों में तोड़फोड़ की घटना भी रिपोर्ट हुई थी।
हालांकि, इन पूर्व घटनाओं का मौजूदा प्रदूषण नियंत्रण निरीक्षण से सीधा संबंध स्थापित नहीं किया गया है। वर्तमान कार्रवाई का आधार बुधवार देर रात की जांच और उसमें सामने आए प्रदूषण नियंत्रण संबंधी तथ्य हैं।
अब लखनऊ की रिपोर्ट के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई
फिलहाल प्रशासन और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से राणा स्टील में APCS बंद मिलने को लेकर रिपोर्ट लखनऊ भेजे जाने की जानकारी दी गई है। अब संबंधित अधिकारी जांच रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय करेंगे।
औद्योगिक इकाइयों के प्रदूषण नियंत्रण मानकों की निगरानी को लेकर एनसीआर क्षेत्र में भी हाल के दिनों में निरीक्षण और अनुपालन की समीक्षा जारी रही है। केंद्र की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, सितंबर 2026 में एनसीआर में औद्योगिक क्षेत्र से जुड़े 111 निरीक्षण भी किए गए थे।
DISCLAIMER: यह खबर 7-8 अक्टूबर 2026 को उपलब्ध प्रशासनिक/प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से संबंधित जानकारी और उपलब्ध रिपोर्टों के आधार पर तैयार की गई है। राणा स्टील में APCS बंद मिलने की बात अधिकारियों द्वारा बताई गई जांच-स्थिति है। इससे अपने आप किसी व्यक्ति या संस्था की आपराधिक जिम्मेदारी या दोष सिद्ध नहीं होता। आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट और सक्षम प्राधिकारी के निर्णय पर निर्भर करेगी।
Sabse pehle comment karne wale banein.