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नूरपुर, 7 अक्टूबर 2025: मंगलवार की सुबह नूरपुर की सड़कें एक नई ऊर्जा और बुलंद हौसलों की गवाह बनीं। मौका था "मिशन शक्ति फेज-5" के तहत आयोजित एक विशेष प्रभात फेरी का, जिसकी कमान अशरफ जकारिया इंटर कॉलेज की बेटियों ने खुद संभाल रखी थी। थाना नूरपुर की मिशन शक्ति और एंटी रोमियो टीम इस पहल में उनकी ढाल बनकर साथ चल रही थी, जिसका उद्देश्य था हर बेटी को यह एहसास दिलाना कि वह कमजोर नहीं, बल्कि स्वयं एक 'शक्ति' है।READ ALSO:-"मुझे पछतावा नहीं, भगवान ने मुझसे यह करवाया", मुख्य न्यायाधीश पर जूता फेंकने वाले वकील बयान; PM मोदी ने की निंदा
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सड़क से क्लासरूम तक... सुरक्षा का महापाठ प्रभात फेरी के बाद कॉलेज परिसर में एक जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया, जहां पुलिस टीम ने छात्राओं को आज के दौर की चुनौतियों से लड़ने के लिए तैयार किया। यह सिर्फ एक लेक्चर नहीं, बल्कि सुरक्षा का एक महापाठ था, जिसमें छात्राओं को उनके कानूनी अधिकारों और आत्मरक्षा के तरीकों के बारे में बताया गया।
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पुलिस ने दिए 'सुरक्षा के 7 महामंत्र' पुलिस अधिकारियों ने छात्राओं को किसी भी आपात स्थिति में तुरंत मदद पाने के लिए 'सुरक्षा के 7 महामंत्र' यानी सात महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। उन्हें समझाया गया कि ये नंबर उनके मोबाइल में सिर्फ कॉन्टैक्ट नहीं, बल्कि मुसीबत के समय उनके सबसे बड़े हथियार हैं:
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    घरेलू हिंसा या महिला उत्पीड़न पर: 181
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    छेड़छाड़ या अश्लील कॉल पर: 1090
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    किसी भी तरह की इमरजेंसी में: 112
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    मेडिकल इमरजेंसी: 102 / 108
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    बच्चों के खिलाफ अपराध पर: 1098
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    ऑनलाइन फ्रॉड या साइबर बुलिंग पर: 1930
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डिजिटल दुनिया में 'शक्ति' का डिजिटल कवच कार्यशाला में विशेष जोर साइबर सुरक्षा पर दिया गया। एंटी रोमियो टीम ने सोशल मीडिया पर होने वाले उत्पीड़न, फेक प्रोफाइल, ऑनलाइन ब्लैकमेलिंग और अश्लील मैसेज जैसे अपराधों से बचने के तरीके बताए। छात्राओं को सिखाया गया कि कैसे वे बिना डरे इन अपराधों की शिकायत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कर सकती हैं और अपनी डिजिटल दुनिया को सुरक्षित बना सकती हैं। पुलिस ने संदेश दिया कि चुप रहना अपराध को बढ़ावा देता है, इसलिए आवाज उठाना हर बेटी का अधिकार और कर्तव्य है।
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