बिजनौर/स्योहारा (विशेष ग्राउंड रिपोर्ट: शकील अहमद): उत्तर प्रदेश में अपराध और अपराधियों के खिलाफ प्रशासन का सख्त रवैया लगातार जारी है। अवैध रूप से अर्जित की गई माफियाओं की संपत्तियों को मिट्टी में मिलाने और उन्हें कुर्क करने का अभियान अब बिजनौर जिले में भी अपनी पूरी धमक दिखा रहा है। इसी कड़ी में बुधवार को बिजनौर के स्योहारा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कस्बे सहसपुर में प्रशासन ने एक बेहद बड़ी और ऐतिहासिक कार्रवाई को अंजाम दिया है।READ ALSO:-मुंबई से उठी हरित ऊर्जा की नई लहर: 'अवादा भारत उदय यात्रा' ने सौर और पवन ऊर्जा को बनाया जन-आंदोलन
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अपराध से अर्जित संपत्तियों पर शिकंजा कसते हुए, जालौन पुलिस और बिजनौर प्रशासन की संयुक्त टीम ने गैंगस्टर एक्ट के कुख्यात आरोपी अतीक अहमद की करीब 168 करोड़ 13 लाख रुपये मूल्य की बेनामी और अवैध संपत्ति को कुर्क कर लिया है। इस ताबड़तोड़ कार्रवाई से पूरे इलाके के भू-माफियाओं और अपराधियों में दहशत का माहौल बन गया है।
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क्या है पूरा मामला और कैसे हुई कार्रवाई?

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प्रशासनिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, गैंगस्टर अतीक अहमद पर कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं और उसके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट (Gangster Act) के तहत कार्रवाई चल रही थी। आरोप है कि उसने अपराध की दुनिया में रहते हुए अवैध तरीके से करोड़ों रुपये की संपत्ति अर्जित की और उसे विभिन्न व्यवसायों व जमीनों में निवेश किया।
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इसी काली कमाई पर प्रहार करने के लिए बुधवार को जालौन पुलिस, बिजनौर जिला प्रशासन और राजस्व विभाग की एक भारी-भरकम संयुक्त टीम सहसपुर स्थित 'उमर इंटरनेशनल' (Umar International) परिसर पहुंची। टीम के साथ भारी संख्या में पीएसी (PAC) और स्थानीय पुलिस बल तैनात था ताकि कानून-व्यवस्था की कोई स्थिति न बिगड़े।
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ढोल-नगाड़ों और मुनादी के बीच सील हुई संपत्तियां

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उत्तर प्रदेश में कुर्की की कार्रवाई का अपना एक खौफनाक और पारंपरिक तरीका है। सहसपुर में भी प्रशासन ने इसी तरीके को अपनाया। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में ढोल-नगाड़े बजाकर पूरे इलाके में मुनादी (सार्वजनिक घोषणा) कराई गई। लाउडस्पीकर से घोषणा की गई कि गैंगस्टर अतीक अहमद की संपत्तियों को राज्य सरकार द्वारा कुर्क किया जा रहा है और अब इस संपत्ति पर किसी भी व्यक्ति का कोई अधिकार नहीं है।
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इस मुनादी के बाद प्रशासन ने 'उमर इंटरनेशनल' के मुख्य गेट पर सरकारी ताला जड़ दिया और उसे पूरी तरह से सील कर दिया। कुर्की की इस जद में केवल इमारतें ही नहीं, बल्कि कई अन्य परिसंपत्तियां भी शामिल हैं:
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    स्लॉटर हाउस (Slaughter House): जहां बड़े पैमाने पर अवैध या संदिग्ध गतिविधियां संचालित होने का अंदेशा था।
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    कृषि भूमि: अपराध की कमाई से खरीदी गई कई बीघा उपजाऊ कृषि भूमि।
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    तालाब और अन्य परिसर: संपत्ति के दायरे में आने वाले तालाब और खाली जमीनों पर भी प्रशासन ने अपना कब्जा ले लिया है।
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कुर्क की गई इन सभी जगहों पर प्रशासन ने चेतावनी भरे 'कुर्की के बोर्ड' लगा दिए हैं, जिन पर स्पष्ट लिखा है कि यह संपत्ति उत्तर प्रदेश सरकार के अधीन है और इसमें प्रवेश करना दंडनीय अपराध होगा।
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एसडीएम धामपुर को बनाया गया 'संपत्ति का रिसीवर'

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इस पूरी कार्रवाई को जिलाधिकारी (District Magistrate) के सख्त आदेशों के बाद अंजाम दिया गया है। कुर्क की गई 168 करोड़ 13 लाख रुपये की इस विशाल संपत्ति की देखरेख और कानूनी प्रक्रियाओं के निर्वहन के लिए जिलाधिकारी ने धामपुर के उपजिलाधिकारी (SDM Dhampur) को इस संपत्ति का 'रिसीवर' (Receiver) नियुक्त किया है। अब जब तक अदालत का अंतिम फैसला नहीं आ जाता, तब तक इस पूरी संपत्ति का नियंत्रण और प्रबंधन एसडीएम धामपुर के हाथों में रहेगा।
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कार्रवाई की गूंज और जनता की प्रतिक्रिया

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सहसपुर जैसे कस्बे में 168 करोड़ रुपये की कुर्की कोई आम बात नहीं है। जब इतनी बड़ी संख्या में पुलिस बल और प्रशासनिक अमला ढोल-नगाड़ों के साथ पहुंचा, तो पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।
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कार्रवाई के दौरान 'उमर इंटरनेशनल' के बाहर और आस-पास की सड़कों पर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। दिनभर यह कार्रवाई क्षेत्र में चर्चा का मुख्य विषय बनी रही। आम जनता प्रशासन के इस कड़े रुख की सराहना कर रही है, वहीं दूसरी ओर अपराध की दुनिया से जुड़े लोगों के बीच इस 'सरकारी हथौड़े' से भारी हड़कंप मचा हुआ है।
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अपराध के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' का स्पष्ट संदेश

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गैंगस्टर अतीक अहमद की 168 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क होना इस बात का स्पष्ट प्रमाण है कि अपराधियों के दिन अब लद चुके हैं। प्रशासन ने यह साफ संदेश दे दिया है कि जुर्म के रास्ते पर चलकर बनाए गए आर्थिक साम्राज्य को सरकार किसी भी कीमत पर पनपने नहीं देगी। अपराध से अर्जित एक-एक पाई का हिसाब लिया जाएगा और उसे सरकारी खजाने में कुर्क किया जाएगा। सहसपुर में दिनभर रही इस कार्रवाई की गूंज आने वाले लंबे समय तक अपराधियों के जहन में खौफ पैदा करती रहेगी।
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