लखनऊ (UP Weather Update): उत्तर प्रदेश में कड़ाके की ठंड और शीतलहर (Cold Wave) ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। स्थिति यह है कि प्रदेश के मैदानी इलाके अब पहाड़ों से भी ज्यादा ठंडे हो गए हैं। मौसम विभाग के ताजा आंकड़ों के अनुसार, यूपी के 16 जिलों का तापमान शिमला और मसूरी जैसे हिल स्टेशनों से भी कम दर्ज किया गया है। नए साल के जश्न पर भी मौसम की मार पड़ने वाली है, क्योंकि मौसम वैज्ञानिकों ने 1 जनवरी को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश (Rain Forecast) की संभावना जताई है।READ ALSO:-खाकी का 'नशा' या सत्ता का गुरूर? मेरठ के बीच बाजार महिला दरोगा ने पार कीं मर्यादा की सारी हदें; कपल को पीटा और दी धमकी- 'वर्दी में हूं... मुंह में कर दूंगी यूरिन'
\r\n\r\n\r\n\r\n
वर्तमान में गोरखपुर, प्रयागराज, बलिया और कानपुर समेत 37 शहर घने कोहरे (Dense Fog) की सफेद चादर में लिपटे हुए हैं। बीते कई दिनों से 20 से ज्यादा जिलों में सूरज के दर्शन नहीं हुए हैं। बर्फीली हवाओं के चलते गलन इतनी बढ़ गई है कि लोग घरों में कैद होने को मजबूर हैं।
\r\n\r\n\r\n\r\n
यूपी मौसम समाचार: शिमला और मसूरी से भी ठंडा यूपी
\r\n\r\nउत्तर प्रदेश में ठंड का प्रकोप इस कदर है कि शिमला (10°C) और मसूरी (8.9°C) का न्यूनतम तापमान यूपी के कई जिलों से ज्यादा है। यूपी मौसम समाचार (UP Weather News) के मुताबिक, कानपुर प्रदेश का सबसे ठंडा शहर रहा, जहां न्यूनतम तापमान 4.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा फुरसतगंज (5.2°C), प्रयागराज (6.4°C) और इटावा-बाराबंकी (6.6°C) में भी हाड़ कंपा देने वाली सर्दी पड़ रही है।
\r\n\r\n\r\n\r\n
सोमवार को प्रदेश के 25 से ज्यादा शहरों में दिन और रात के तापमान में 2 से 4 डिग्री तक की भारी गिरावट दर्ज की गई। मौसम विभाग का कहना है कि पहाड़ों पर हो रही लगातार बर्फबारी के कारण मैदानी इलाकों में बर्फीली हवाएं चल रही हैं, जिससे 'कोल्ड डे' (Cold Day) की स्थिति बनी हुई है।
\r\n\r\nFollow the Khabreelal News channel on WhatsApp Join › \r\n\r\n
नए साल पर बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट
\r\n\r\nअगर आप नए साल (New Year 2026) पर पिकनिक या बाहर घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो सावधान हो जाएं। (Internal link: यूपी में नए साल पर पर्यटन स्थलों की गाइड पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें) मौसम वैज्ञानिक अतुल सिंह के अनुसार, 31 दिसंबर से 1 जनवरी के बीच पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने से मौसम का मिजाज बिगड़ेगा।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n 1 जनवरी: पश्चिमी यूपी और तराई वाले इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।\r\n \r\n
- \r\n तापमान: बारिश के बाद आसमान साफ होने पर तापमान में और गिरावट आएगी, जिससे गलन बढ़ेगी।\r\n \r\n
- \r\n चेतावनी: स्काईमेट के वैज्ञानिक महेश पलावत ने बताया कि अगले 3-4 दिनों तक राहत की कोई उम्मीद नहीं है। बारिश के बाद कोहरा और घना हो सकता है।\r\n \r\n
\r\n\r\n
कोहरे का कहर: ट्रेनें और फ्लाइट्स घंटों लेट
\r\n\r\nघने कोहरे ने परिवहन व्यवस्था की कमर तोड़ दी है। दृश्यता (Visibility) शून्य होने के कारण भारतीय रेलवे (Indian Railways) और विमानन सेवाओं पर बुरा असर पड़ा है।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n रेलवे: लखनऊ, गोरखपुर, कानपुर और प्रयागराज से गुजरने वाली 100 से ज्यादा ट्रेनें अपने निर्धारित समय से 2 से 15 घंटे की देरी से चल रही हैं। देश की प्रीमियम ट्रेन तेजस एक्सप्रेस (Tejas Express) और वंदे भारत जैसी ट्रेनें भी 11-11 घंटे की देरी से चल रही हैं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।\r\n \r\n
- \r\n एयरपोर्ट: वाराणसी, लखनऊ और आगरा एयरपोर्ट पर विजिबिलिटी कम होने के कारण 10 से अधिक फ्लाइट्स कैंसिल कर दी गई हैं, जबकि कई उड़ानों को डायवर्ट किया गया है।\r\n \r\n
\r\n\r\n
बिजनौर मौसम अपडेट: 4.4 डिग्री पर पहुंचा पारा
\r\n\r\nपश्चिमी यूपी के बिजनौर (Bijnor) जिले में सर्दी का सितम चरम पर है। यहाँ भी न्यूनतम तापमान 4.4 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है। नगीना कृषि अनुसंधान केंद्र के आंकड़ों ने किसानों और आम जनता की चिंता बढ़ा दी है।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n दृश्यता: हाईवे और ग्रामीण क्षेत्रों में विजिबिलिटी लगभग शून्य है, जिससे वाहन रेंगते हुए नजर आ रहे हैं।\r\n \r\n
- \r\n फसल नुकसान: ओस और पाले के कारण सरसों और आलू की फसल को भारी नुकसान का डर है। कृषि वैज्ञानिकों ने जिंक और क्लोरोपाइरीफॉस के छिड़काव की सलाह दी है।\r\n \r\n
\r\n\r\n
नगीना (बिजनौर) का हालिया तापमान: | तारीख | अधिकतम तापमान | न्यूनतम तापमान | | :--- | :--- | :--- | | 26 दिसंबर | 21.8°C | 5.5°C | | 27 दिसंबर | 22.0°C | 4.8°C | | 28 दिसंबर | 19.6°C | 4.6°C | | 29 दिसंबर | 19.0°C | 4.4°C |
\r\n\r\n
🏪 आपके शहर के ऑफर
विज्ञापन · स्थानीय दुकानों की ताज़ा स्कीम · स्वाइप करें →
सभी ऑफर देखें →
गाजियाबाद और एनसीआर: प्रदूषण और ठंड की दोहरी मार
\r\n\r\nदिल्ली से सटे गाजियाबाद (Ghaziabad) और नोएडा में ठंड के साथ-साथ प्रदूषण ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है।
\r\n\r\n- \r\n
- \r\n GRAP-4 लागू: वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) खतरनाक स्तर पर पहुंचने के बाद CAQM ने ग्रेप-4 (GRAP-4) लागू कर दिया है। गाजियाबाद का AQI 398 और नोएडा का AQI 398 दर्ज किया गया है, जो 'बेहद खराब' श्रेणी में आता है।\r\n \r\n
- \r\n स्कूल बंद: गाजियाबाद डीएम रविंद्र मांदड़ के निर्देश पर 12वीं तक के सभी स्कूल (सरकारी और प्राइवेट) ठंड और प्रदूषण के चलते बंद कर दिए गए हैं। सरकारी स्कूल अब 15 जनवरी को खुलेंगे।\r\n \r\n
\r\n\r\n
स्वास्थ्य अलर्ट: हार्ट पेशेंट्स की संख्या में 30% इजाफा
\r\n\r\nयूपी मौसम समाचार में स्वास्थ्य को लेकर भी बड़ा अपडेट है। भीषण ठंड का सीधा असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है। केजीएमयू (KGMU) और लोहिया संस्थान के आंकड़ों के मुताबिक, ओपीडी में हार्ट अटैक और बीपी के मरीजों की संख्या में 30 से 40 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n लक्षण: सीने में भारीपन, घबराहट और सांस लेने में तकलीफ।\r\n \r\n
- \r\n डॉक्टर की सलाह: डॉ. एनके सिंह (बदायूं) का कहना है कि ठंड में पानी कम पीने से खून गाढ़ा हो जाता है, जिससे हार्ट अटैक का खतरा बढ़ता है। बुजुर्गों को सुबह की सैर से बचने और गुनगुना पानी पीने की सलाह दी गई है।\r\n \r\n
\r\n\r\n
स्कूल-कॉलेजों में छुट्टियां
\r\n\r\nबढ़ती ठंड को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को फील्ड में उतरने और अलाव-कंबल की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n राज्यव्यापी: ज्यादातर जिलों में 1 जनवरी तक स्कूलों की छुट्टी घोषित कर दी गई है।\r\n \r\n
- \r\n गाजियाबाद/मेरठ: यहाँ प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए छुट्टियां आगे बढ़ा दी हैं। गाजियाबाद में 12वीं तक के स्कूल बंद हैं।\r\n \r\n
- \r\n मेरठ: डीएम डॉ. वीके सिंह ने कक्षा 1 से 12 तक के स्कूलों को बंद रखने का आदेश दिया है।\r\n \r\n
\r\n\r\n
किसानों के लिए एडवाइजरी
\r\n\r\nकोहरा और पाला रबी की फसलों के लिए खतरनाक साबित हो रहा है। यूपी मौसम समाचार के तहत कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है:
\r\n\r\n- \r\n
- \r\n सिंचाई: तापमान गिरने पर फसलों में हल्की सिंचाई करें ताकि पाले का असर कम हो।\r\n \r\n
- \r\n निगरानी: आलू और सरसों में झुलसा रोग (Blight Disease) की निगरानी करें।\r\n \r\n
- \r\n छिड़काव: आवश्यकतानुसार कीटनाशकों का छिड़काव विशेषज्ञ की सलाह पर ही करें।\r\n \r\n
\r\n\r\n
आने वाले दिनों का पूर्वानुमान
\r\n\r\nमौसम विभाग के अनुसार, अगले 3 दिनों तक यूपी मौसम समाचार में राहत की कोई खबर नहीं है।
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n कोहरा अलर्ट: सीतापुर, हरदोई, कानपुर, अयोध्या, मेरठ, बिजनौर, और मुरादाबाद समेत 36 जिलों में घने कोहरे का ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी है।\r\n \r\n
- \r\n दिन का तापमान: 'कोल्ड डे' के कारण दिन का तापमान भी सामान्य से 4-6 डिग्री नीचे रहेगा।\r\n \r\n
\r\n\r\n
\r\n
\r\n\r\nइन 36 जिलों में 'यलो' और 'ऑरेंज' अलर्ट
\r\n\r\nमौसम विभाग ने निम्नलिखित जिलों में घने कोहरे और शीतलहर का अलर्ट जारी किया है। यहाँ के निवासियों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है:
\r\n\r\n\r\n\r\n
- \r\n
- \r\n पूर्वांचल: प्रयागराज, कौशांबी, प्रतापगढ़, वाराणसी, बलिया, सुल्तानपुर।\r\n \r\n
- \r\n मध्य यूपी: लखनऊ, कानपुर नगर, कानपुर देहात, रायबरेली, अमेठी, हरदोई, सीतापुर, उन्नाव।\r\n \r\n
- \r\n पश्चिमी यूपी: बिजनौर, सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल, बदायूं, आगरा, मथुरा, फिरोजाबाद।\r\n \r\n
उत्तर प्रदेश में मौसम का मिजाज अभी सख्त बना रहेगा। यूपी मौसम समाचार स्पष्ट करता है कि नए साल का स्वागत बारिश और कड़ाके की ठंड के साथ होगा। प्रशासन ने अपनी तरफ से तैयारियां पूरी कर ली हैं, लेकिन नागरिकों को भी अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने की जरूरत है। बेवजह यात्रा से बचें, गर्म कपड़ों का प्रयोग करें और स्वास्थ्य का ध्यान रखें। मौसम में सुधार जनवरी के पहले सप्ताह के बाद ही होने की संभावना है।
\r\n\r\n\r\n\r\n
उत्तर प्रदेश में भीषण शीतलहर जारी है, जिससे 16 जिलों का तापमान मसूरी और शिमला से भी कम हो गया है। मौसम विभाग ने 1 जनवरी को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। घने कोहरे के कारण 100 से अधिक ट्रेनें और कई फ्लाइट्स प्रभावित हुई हैं। कानपुर और बिजनौर में पारा 4.4 डिग्री तक गिर गया है। ठंड और प्रदूषण के चलते गाजियाबाद और मेरठ समेत कई जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए हैं। अस्पतालों में हार्ट के मरीजों की संख्या 30% तक बढ़ गई है।
Sabse pehle comment karne wale banein.