लखनऊ (Lucknow News): उत्तर प्रदेश में अपने बच्चों को बड़े प्राइवेट स्कूलों में पढ़ाने का सपना देख रहे आर्थिक रूप से कमजोर अभिभावकों के लिए बड़ी खुशखबरी है। उत्तर प्रदेश सरकार ने 'शिक्षा का अधिकार अधिनियम' (RTE Act) के तहत शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए UP RTE Admission 2026 की प्रक्रिया शुरू कर दी है। बेसिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा द्वारा 8 जनवरी 2026 को जारी शासनादेश के बाद, विभाग ने अब विस्तृत समय-सारणी जारी कर दी है, जिसके तहत 2 फरवरी 2026 से ऑनलाइन आवेदन के दरवाजे खुल गए हैं।READ ALSO:-दिल्ली से काशी अब दूर नहीं: बुलेट ट्रेन की रफ्तार से सिर्फ 3.5 घंटे में होगा 'बाबा विश्वनाथ' का दर्शन, रेल मंत्री ने तैयार किया 5 साल का मेगा प्लान
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इस नई व्यवस्था का उद्देश्य प्रवेश प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाना है ताकि किसी भी पात्र बच्चे का हक न मारा जाए। सरकार ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश के सभी गैर-सहायता प्राप्त (Non-aided) मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों को अपनी प्री-प्राइमरी और कक्षा-1 की कुल सीटों का 25% हिस्सा आरक्षित रखना अनिवार्य होगा। इन सीटों पर चयनित बच्चों को कक्षा 8 तक बिल्कुल मुफ्त शिक्षा मिलेगी।
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तीन चरणों में होगी प्रवेश प्रक्रिया (Admission Schedule 2026)

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सरकार ने अभिभावकों की सुविधा के लिए आवेदन प्रक्रिया को तीन चरणों में विभाजित किया है। अगर आप पहले चरण में आवेदन करने से चूक जाते हैं, तो दूसरे या तीसरे चरण में भी मौका मिलेगा। समय-सारणी इस प्रकार है:
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चरण (Phase)
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ऑनलाइन आवेदन तिथि
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सत्यापन की अंतिम तिथि
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लॉटरी निकलने की तिथि
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प्रवेश की अंतिम तिथि
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प्रथम चरण
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2 फरवरी से 16 फरवरी 2026
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19 फरवरी 2026
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18 फरवरी 2026
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26 फरवरी 2026
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द्वितीय चरण
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21 फरवरी से 7 मार्च 2026
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10 मार्च 2026
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9 मार्च 2026
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17 मार्च 2026
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तृतीय चरण
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12 मार्च से 25 मार्च 2026
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28 मार्च 2026
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27 मार्च 2026
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5 अप्रैल 2026
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सरकार ने प्रक्रिया को बनाया पारदर्शी: नई गाइडलाइन्स

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8 जनवरी 2026 को जारी शासनादेश में पारदर्शिता पर विशेष जोर दिया गया है। नई व्यवस्था के तहत:
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    जिला स्तरीय समिति: हर जिले में जिलाधिकारी (DM) की अध्यक्षता में एक निगरानी समिति गठित की गई है। इसमें सीडीओ (CDO), एडीएम (ADM), बीएसए (BSA) और डीआईओएस (DIOS) जैसे अधिकारी शामिल होंगे। यह समिति सुनिश्चित करेगी कि स्कूलों में कोई भेदभाव न हो।
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  2. \r\n
  3. \r\n
    लॉटरी सिस्टम: चयन प्रक्रिया पूरी तरह से कंप्यूटराइज्ड लॉटरी सिस्टम पर आधारित होगी। लॉटरी निकालने की प्रक्रिया जिलाधिकारी या सीडीओ की देखरेख में वीडियोग्राफी के साथ संपन्न होगी।
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  4. \r\n
  5. \r\n
    एसएमएस से सूचना: लॉटरी में नाम आने पर अभिभावकों को उनके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एसएमएस के जरिए सूचना दी जाएगी।
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  6. \r\n
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कौन कर सकता है आवेदन? (Eligibility Criteria)

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RTE के तहत आवेदन करने के लिए बच्चे और अभिभावक को निम्नलिखित शर्तें पूरी करनी होंगी। पात्रता को दो वर्गों में बांटा गया है:
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1. अलाभित समूह (Disadvantaged Group):

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  • \r\n
    अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST), और सामाजिक व शैक्षिक रूप से पिछड़े वर्ग (OBC) के बच्चे।
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  • \r\n
  • \r\n
    अनाथ बच्चे।
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  • \r\n
  • \r\n
    HIV या कैंसर से पीड़ित माता-पिता के बच्चे।
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  • \r\n
  • \r\n
    दिव्यांग बच्चे और निराश्रित बेघर बच्चे।
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  • \r\n
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2. दुर्बल वर्ग (Weaker Section):

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  • \r\n
    ऐसे अभिभावक जिनकी वार्षिक आय 1 लाख रुपये से कम है।
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  • \r\n
  • \r\n
    बीपीएल (BPL) कार्ड धारक या अंत्योदय कार्ड धारक।
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  • \r\n
  • \r\n
    दिव्यांगता, वृद्धावस्था या विधवा पेंशन प्राप्त करने वाले अभिभावक।
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  • \r\n
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आयु सीमा (1 अप्रैल 2026 के आधार पर):

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  • \r\n
    नर्सरी: 3 से 4 वर्ष
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  • \r\n
  • \r\n
    LKG: 4 से 5 वर्ष
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  • \r\n
  • \r\n
    UKG: 5 से 6 वर्ष
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  • \r\n
  • \r\n
    कक्षा-1: 6 से 7 वर्ष
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  • \r\n
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जरूरी दस्तावेज (Required Documents)

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ऑनलाइन आवेदन करते समय अभिभावकों को निम्नलिखित दस्तावेजों की साफ स्कैन कॉपी अपलोड करनी होगी:
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  • \r\n
    बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र: (नगर निगम/पंचायत द्वारा जारी या अस्पताल का प्रमाण पत्र)।
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  • \r\n
  • \r\n
    निवास प्रमाण पत्र: (आधार कार्ड, वोटर आईडी, राशन कार्ड, या तहसीलदार द्वारा जारी निवास प्रमाण पत्र)। ध्यान दें: बच्चा उसी वार्ड/ग्राम पंचायत का निवासी होना चाहिए जहां स्कूल स्थित है।
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  • \r\n
  • \r\n
    आय प्रमाण पत्र: (दुर्बल वर्ग के लिए, तहसीलदार द्वारा जारी, 1 लाख से कम आय)।
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  • \r\n
  • \r\n
    जाति प्रमाण पत्र: (अलाभित समूह - SC/ST/OBC के लिए)।
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  • \r\n
  • \r\n
    आधार कार्ड: माता-पिता और बच्चे का आधार कार्ड (शासनादेश के अनुसार अनिवार्य)।
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  • \r\n
  • \r\n
    पासपोर्ट साइज फोटो: बच्चे की नवीनतम फोटो।
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  • \r\n
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मिलने वाली सुविधाएं (Benefits)

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RTE के तहत एडमिशन लेने वाले बच्चों को निम्नलिखित लाभ मिलते हैं:
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  • \r\n
    शून्य फीस: कक्षा 8 तक कोई एडमिशन फीस या मासिक ट्यूशन फीस नहीं देनी होती।
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  • \r\n
  • \r\n
    ₹5000 की सहायता: स्कूल यूनिफॉर्म, बैग, स्वेटर, जूते-मोजे और स्टेशनरी के लिए सरकार अभिभावक के बैंक खाते में सालाना 5000 रुपये भेजती है। यह राशि दो किस्तों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से दी जाती है।
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  • \r\n
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आवेदन कैसे करें? (Step-by-Step Process)

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आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन और निशुल्क है। इसे आप घर बैठे या नजदीकी जन सेवा केंद्र (CSC) से भर सकते हैं।
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  1. \r\n
    पोर्टल पर जाएं: सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट rte25.upsdc.gov.in पर जाएं।
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  3. \r\n
    रजिस्ट्रेशन: होमपेज पर "Online Application / Student Login" पर क्लिक करें। फिर "New Student Registration" चुनें।
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  5. \r\n
    विवरण भरें: बच्चे का जिला, क्षेत्र (शहरी/ग्रामीण), टाउन/ब्लॉक, ग्राम पंचायत/वार्ड, नाम, जन्मतिथि और मोबाइल नंबर भरें।
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  6. \r\n
  7. \r\n
    लॉगिन करें: रजिस्ट्रेशन के बाद मिले रजिस्ट्रेशन नंबर से लॉगिन करें।
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  8. \r\n
  9. \r\n
    डॉक्यूमेंट अपलोड: माता-पिता का विवरण भरें और मांगे गए दस्तावेज (आय/जाति/निवास/जन्म प्रमाण पत्र) अपलोड करें।
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  10. \r\n
  11. \r\n
    स्कूल चुनें: अपने वार्ड के अधिकतम 10 स्कूलों का चयन वरीयता क्रम में करें।
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  12. \r\n
  13. \r\n
    लॉक और प्रिंट: फॉर्म को फाइनल सबमिट (Lock) करें और प्रिंट आउट निकालकर सुरक्षित रख लें।
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अधिकारियों की भूमिका और सत्यापन

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आवेदन करने के बाद, फॉर्म का सत्यापन (Verification) खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) द्वारा किया जाएगा। यदि दस्तावेज सही पाए जाते हैं, तो आवेदन को लॉटरी के लिए बीएसए (BSA) को अग्रेषित कर दिया जाएगा। यदि फॉर्म में कोई कमी होती है, तो उसे रिजेक्ट कर दिया जाएगा, जिसकी सूचना पोर्टल पर दिखेगी।
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जिलाधिकारी की अध्यक्षता वाली समिति नियमित बैठकें कर यह सुनिश्चित करेगी कि स्कूल आरक्षित सीटों पर एडमिशन देने में आनाकानी न करें। यदि कोई स्कूल एडमिशन देने से मना करता है, तो अभिभावक बीएसए कार्यालय में शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
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उत्तर प्रदेश सरकार की यह पहल "सब पढ़ें, सब बढ़ें" के नारे को सार्थक करती है। UP RTE Admission 2026 की नई और पारदर्शी प्रक्रिया से उम्मीद है कि इस साल रिकॉर्ड संख्या में गरीब बच्चों को अच्छे स्कूलों में पढ़ने का मौका मिलेगा। अभिभावकों से अपील है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करें और पहले चरण में ही आवेदन सुनिश्चित करें। शिक्षा आपके बच्चे का मौलिक अधिकार है, और सरकार इसमें आपकी पूरी मदद कर रही है।
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